केंद्रीय सामाजिक न्याय और अधिकारिकता मंत्री डॉ थावर चन्द्र गेहलोत एलिम्को पुनर्निर्मित प्रोस्थेटिक ओर्थोटिक केंद्र विस्तार, नवनिर्मित आवासीय परिसर भवन उद्घाटन 

 

केंद्रीय सामाजिक न्याय और अधिकारिकता मंत्री डॉ थावर चन्द्र गेहलोत एलिम्को पुनर्निर्मित प्रोस्थेटिक ओर्थोटिक केंद्र विस्तार, नवनिर्मित आवासीय परिसर भवन उद्घाटन 

 

जनपद कानपुर नगर स्थित भारतीय कृतिम अंग निर्माण निगम एलिम्को में आज केंद्रीय सामाजिक न्याय और अधिकारिकता मंत्री डॉ थावर चन्द्र गेहलोत ने एलिम्को में पुनर्निर्मित प्रोस्थेटिक एवं ओर्थोटिक केंद्र के विस्तार और नवनिर्मित आवासीय परिसर भवन का उद्घाटन किया। इस अवसर पर केंद्रीय मंत्री ने दिव्यांगजन के स्वालंबन और सशक्तिकरण को दर्शाता प्रतीक चिन्ह स्वावलंबन वृक्ष की धातु से निर्मित logo का अनावरण किया। केंद्रीय मंत्री ने दिव्यांगजन और राष्ट्रिय  वयोश्री योजना के तहत वरिष्ठ नागरिको को सहायक यंत्र और उपकरण प्रदान किया।

 

अपने उद्बोधन में केंद्रीय मंत्री ने कहा कि सरकार दिव्यांगजनों के शशक्तिकरण के लिए लगातार कार्य कर रही है। सरकार द्वारा दिव्यांगजनों को कौशल प्रशिक्षण दिया जा रहा है , विभिन्न प्रतियोगिताओ के लिए निशुल्क कोचिंग, कम दर पर लोन की व्यवस्था सहित कई अन्य कल्याणकारी योजनाए सरकार द्वारा लागू की गयी है। उन्होंने कहा कि पिछले 5 वर्षो में  7971 से भी अधिक कैंप आयोजित कर 14 लाख लोगो को सहायक उपकरण प्रदान  है। केंद्रीय मंत्री ने गले के कैंसर के उपचार के दौरान चिकित्सको द्वारा गले के कुछ आवश्यक अंग निकाल दिए जाने के बाद मरीजों के लिए गले का उपकरण बनाये जाने के लिए एलिम्को से कहा जिससे लोग फिर से बोल पाने में सक्षम हो सके। केंद्रीय मंत्री ने बताया कि यह उपकरण 3500 पर बनेगा और श उपकरणों की ही थर जरूरतमंदो को बांटा जाएगा।

 

वही केंद्रीय मंत्री ने एलिम्को के कर्मचारियों की मांग पर रिटायरमेंट के बाद दी जाने वाली बीमा सीमा 3 लाख से बढ़ाकर 6 लाख किये जाने की घोषणा किया वही चिकित्सा अवकाश 90 दिनों से बढ़ा कर 180 दिन किये जाने की घोषणा किया। केंद्रीय मंत्री ने कहा कि 2014 के बाद से एलिम्को में आधुनिकतम मशीन और विस्तार कर तेज गति से हमने प्रगति किया है। इस अवसर पर अकबरपुर के सांसद देवेंद्र सिंह भोले , कानपुर नगर के सांसद सत्यदेव पचौरी सहित सचिव, दिव्यांगजन सशक्तिकरण विभाग, सामाजिक न्याय और अधिकारिता मंत्रालय, भारत सरकारश्रीमती शकुन्तला डी. गामलिन उपस्थिति रही।