वीबी जी राम जी लागू होने से भ्रष्टाचार समाप्त होगा - उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य
उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने प्रेस वार्ता कर विकसित भारत जी राम जी के तहत जानकारी देते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भ्रष्टाचार मुक्त भारत की दिशा में कदम बढ़ा दिया है।
जी राम जी कानून इस दिशा में एक सार्थक कदम बताते हुए इसके लाभकारी पक्ष पर प्रकाश डाला।केशव प्रसाद ने कहा कि केशव ने कहा कि जी राम जी कानून लाकर मनरेगा में हो रहे भ्रष्टाचार को समाप्त करने की दिशा में बड़ी उपलब्धि होगी इसके लागू होने से गांव के श्रमिको को लाभ होगा। केशव प्रसाद ने कहा कि पहले कांग्रेस और उससे संबंधित स्वयं सेवी संस्थाएं इस योजना में भ्रष्टाचार करती थी इसके लागू होने से भ्रष्टाचार समाप्त होगा।
उत्तर प्रदेश सरकार के उपमुख्यमंत्री श्री केशव प्रसाद मौर्य ने “जी राम जी बिल–2025” विकसित भारत की ओर एक महत्वपूर्ण और दूरदर्शी कदम है।
उपमुख्यमंत्री ने कहा कि यह बिल ग्रामीण भारत को विकसित, आत्मनिर्भर, आधुनिक और टिकाऊ बनाने की दिशा में मील का पत्थर सिद्ध होगा। इसके माध्यम से गांवों को आर्थिक, सामाजिक और तकनीकी रूप से सशक्त किया जाएगा, ताकि विकसित भारत–2047 के लक्ष्य को प्राप्त किया जा सके।
मनरेगा को और अधिक सशक्त बनाया गया उन्होंने स्पष्ट किया कि मनरेगा योजना को बंद नहीं किया गया है, बल्कि इसमें मौजूद विसंगतियों को दूर कर इसे और अधिक प्रभावी बनाया गया है।
उन्होंने बताया कि—
मनरेगा में रोजगार की गारंटी पूर्व की भांति जारी रहेगी।
रोजगार कार्डधारकों को 15 दिनों के भीतर रोजगार उपलब्ध कराना अनिवार्य रहेगा।
रोजगार न मिलने की स्थिति में बेरोजगारी भत्ता देना भी यथावत लागू रहेगा।
मजदूरी का भुगतान 15 दिनों के भीतर किया जाएगा।
पहले जहां 100 दिन का रोजगार सुनिश्चित था, उसे बढ़ाकर अब 125 दिन कर दिया गया है।
निर्धारित समय में कार्य न मिलने पर बेरोजगारी भत्ता का अनिवार्य भुगतान होगा, क्योंकि रोजगार एक कानूनी अधिकार है।
अधिनियम का उल्लंघन करने पर पहले ₹1000 की पेनल्टी थी, जिसे बढ़ाकर अब ₹10,000 कर दिया गया है।
गांवों के विकास के दायरे का हुआ विस्तार
उपमुख्यमंत्री ने कहा कि पहले मनरेगा के अंतर्गत स्कूलों में केवल बाउंड्री वॉल निर्माण की अनुमति थी, लेकिन अब इसके अंतर्गत किचन शेड, लैबोरेट्री सहित अन्य आवश्यक संरचनाएं भी अनुमन्य कर दी गई हैं।
इसके साथ ही पहले 60 प्रतिशत कार्य कृषि से संबंधित कराना अनिवार्य था, जिसे अब हटाकर विकास कार्यों के लिए अधिक लचीलापन दिया गया है।
डिजिटल और पारदर्शी व्यवस्था
केशव मौर्य ने बताया कि गांवों के समग्र और बेहतर विकास के लिए पीएम गति शक्ति, GIS तथा अन्य आधुनिक आईटी टूल्स का उपयोग किया जाएगा।
भ्रष्टाचार पर जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाते हुए पूरी योजना को पारदर्शी और डिजिटल बनाया गया है। इसके अंतर्गत—
बायोमेट्रिक प्रणाली
GIS मैपिंग
मोबाइल एप
फेस रीडिंग जैसी डिजिटल तकनीकों का प्रयोग किया जाएगा।
विपक्ष पर साधा निशाना
वहीं उपमुख्यमंत्री ने समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव पर निशाना साधते हुए कहा कि बिहार के चुनाव परिणामों के बाद से वे अनर्गल प्रलाप कर रहे हैं।
उन्होंने कहा कि “2027 तो दूर, 2047 तक भी वे सत्ता के इर्द-गिर्द नहीं पहुंच पाएंगे और इसी तरह छटपटाते रहेंगे।”